भारत रत्न और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की 101वीं जयंती के शुभ अवसर पर दिल्ली के नागरिकों के लिए एक बड़ी सौगात आई है। दिल्ली सरकार और केंद्र के सहयोग से राजधानी में ‘अटल कैंटीन’ योजना का भव्य शुभारंभ किया गया है। 25 दिसंबर को शुरू हुई यह पहल गरीब, मजदूरों और कम आय वाले परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।
इस ब्लॉग में हम आपको विस्तार से बताएंगे कि यह कैंटीन कहां-कहां खुली हैं, इनका समय क्या है और ₹5 की थाली में आपको क्या-क्या खाने को मिलेगा।
सिर्फ ₹5 में सम्मान के साथ भोजन
अक्सर बड़े शहरों में कम आय वाले लोगों के लिए सबसे बड़ी चुनौती पौष्टिक और सस्ता भोजन ढूंढना होती है। इसी समस्या को दूर करने के लिए बीजेपी सरकार ने अटल कैंटीन की शुरुआत की है। इस योजना की सबसे खास बात यह है कि भोजन की वास्तविक लागत ₹30 के करीब है, लेकिन आम जनता को यह सिर्फ ₹5 में मिलेगा। शेष ₹25 का खर्च सरकार वहन करेगी।
इसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि दिल्ली में कोई भी व्यक्ति, चाहे वह दिहाड़ी मजदूर हो या बेघर, भूखा न सोए।
भोजन का समय (Timing)
अटल कैंटीन में दिन में दो बार भोजन उपलब्ध कराया जाएगा:
| भोजन का प्रकार | समय (Timing) |
|---|---|
| लंच (दोपहर का भोजन) | सुबह 11:30 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक |
| डिनर (रात का भोजन) | शाम 6:30 बजे से रात 9:00 बजे तक |
मेन्यू में क्या-क्या मिलेगा?
मात्र 5 रुपये की इस ‘अटल थाली’ को काफी पौष्टिक रखा गया है। इसमें घर जैसा स्वाद और शुद्धता का ध्यान रखा गया है। थाली में निम्नलिखित चीजें शामिल होंगी:
🍽️ अटल थाली मेन्यू (मात्र ₹5)
- 🫓 ताजी रोटियां
- 🥣 दाल
- 🍚 चावल
- 🥦 एक मौसमी सब्जी
- 🌶️ अचार
सरकार ने स्पष्ट किया है कि खाने की गुणवत्ता और स्वच्छता (Hygiene) के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने खुद अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं कि सफाई का उच्चतम मानक बना रहे।
100 कैंटीन, 1 लाख लाभार्थी
दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में कुल 100 अटल कैंटीन स्थापित की जा रही हैं। 25 दिसंबर को इनमें से 45 कैंटीन का वर्चुअल उद्घाटन किया जा चुका है, जबकि शेष 55 कैंटीन अगले 15-20 दिनों में पूरी तरह क्रियाशील हो जाएंगी।
प्रत्येक कैंटीन की क्षमता हर दिन लगभग 1,000 लोगों को भोजन कराने की है। इसका मतलब है कि पूरी दिल्ली में प्रतिदिन 1 लाख से अधिक लोग इस योजना का लाभ उठा सकेंगे।
प्रमुख लोकेशन्स (Locations)
फिलहाल दिल्ली के इन इलाकों में कैंटीन शुरू की गई हैं:
📍 दिल्ली में अटल कैंटीन के मुख्य केंद्र
डिजिटल और पारदर्शी सिस्टम
भ्रष्टाचार को रोकने और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए इस योजना में डिजिटल टोकन सिस्टम को अपनाया गया है। पुराने मैन्युअल कूपन के बजाय अब लाभार्थियों को डिजिटल टोकन दिए जाएंगे।
इतना ही नहीं, दिल्ली अर्बन शेल्टर इम्प्रूवमेंट बोर्ड (DUSIB) के डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से सभी 100 सेंटरों पर CCTV कैमरों से रियल-टाइम निगरानी रखी जाएगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि भोजन सही व्यक्ति तक पहुंच रहा है और वितरण में कोई कोताही नहीं बरती जा रही।
सुशासन की ओर एक बड़ा कदम
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने उद्घाटन के दौरान कहा कि यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सेवा और गरीब कल्याण” के विजन को दर्शाती है। 104.24 करोड़ रुपये के बजट के साथ शुरू हुई यह योजना दिल्ली के मेहनतकश नागरिकों को आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन जीने में मदद करेगी।
🤝नोट: यदि आप या आपके आसपास कोई ऐसा व्यक्ति है जिसे सस्ते और अच्छे भोजन की आवश्यकता है, तो उन्हें अपने नजदीकी अटल कैंटीन के बारे में जरूर बताएं।
आपकी एक छोटी सी जानकारी किसी की भूख मिटा सकती है।
